पुणे महानगरपालिका और महापौर कार्यालय को बम से उड़ाने की ई-मेल धमकी, इमारत खाली कराई गई; बॉम्ब स्क्वॉड और डॉग स्क्वॉड की सघन तलाशी जारी
पुणे। पुणे शहर में बुधवार को उस समय हड़कंप मच गया जब पुणे महानगरपालिका के मुख्यालय और महापौर कार्यालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ई-मेल प्राप्त हुआ। धमकी मिलते ही प्रशासन और पुलिस महकमा पूरी तरह अलर्ट हो गया। एहतियात के तौर पर पूरी मुख्य इमारत को तत्काल खाली करा लिया गया और सभी अधिकारियों व कर्मचारियों को भवन से बाहर निकाल दिया गया।
महापालिका आयुक्त नवल किशोर राम के निर्देश पर मुख्य भवन में चल रहा समस्त कामकाज तत्काल रोक दिया गया। बम निरोधक दस्ता (Bomb Detection and Disposal Squad), डॉग स्क्वॉड तथा पुलिस की विशेष टीमें मौके पर पहुंचीं और इमारत के हर हिस्से की गहन तलाशी शुरू कर दी। तलाशी पूरी होने तक पुणे महानगरपालिका परिसर में आम लोगों के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है।
आधिकारिक ई-मेल पर भेजी गई धमकी
जानकारी के अनुसार, बम विस्फोट की धमकी पुणे महानगरपालिका के आधिकारिक ई-मेल पते पर भेजी गई थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने पूरे परिसर को अपने कब्जे में लेकर सभी प्रवेश द्वार बंद कर दिए। भवन के प्रत्येक विभाग और संवेदनशील स्थान की बारीकी से जांच की जा रही है। जांच पूरी होने के बाद ही कर्मचारियों को दोबारा भवन में प्रवेश की अनुमति दी जाएगी और नियमित कामकाज शुरू होगा।
सायबर पुलिस भी जांच में जुटी
प्राथमिक जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि धमकी भरा ई-मेल किसने और कहां से भेजा। इसके लिए सायबर अपराध शाखा की भी मदद ली जा रही है। पुलिस इस बात की जांच कर रही है कि यह किसी की शरारत है या इसके पीछे कोई गंभीर साजिश छिपी है।
अफवाहों से बचने की अपील
प्रशासन ने नागरिकों से किसी भी प्रकार की अफवाह पर विश्वास न करने और केवल आधिकारिक जानकारी पर भरोसा करने की अपील की है। फिलहाल पूरे परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है और पुलिस की जांच पूरी होने के बाद ही घटना को लेकर विस्तृत आधिकारिक जानकारी जारी की जाएगी।
बढ़ते अपराधों पर फिर उठे सवाल
इस घटना के बाद पुणे शहर में कानून-व्यवस्था को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। हाल के दिनों में हत्या, लूट, अत्याचार, गैंगवार और कोयता गैंग जैसी घटनाओं के बीच अब पुणे महानगरपालिका को मिली बम धमकी ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता और बढ़ा दी है। शहरवासी पूछ रहे हैं कि आखिर बढ़ते अपराधों पर पुलिस का कितना प्रभावी नियंत्रण है?
इस दौरान खबर है कि इसी प्रकार का ईमेल मुंबई में विधान भवन और नागपुर में संघ मुख्यालय को भी बम से उड़ाने के लिए भेजा गया है जांच पड़ताल जारी है। यह अलग बात है कि इस ईमेल ने जबरदस्त हड़कंप मचा दिया है। समाचार लिखे जाने तक कहीं से किसी अप्रिय घटना की जानकारी नहीं प्राप्त हुई है।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें